पाकिस्तान में ‘हिंदुओं’ की आस्था पर फिर हमला, मंदिर तोड़ बनाए मॉल, श्मशान को रेस्टोरेंट

नई दिल्ली. पाकिस्तान ने वहां रह रहे हिंदुओं के साथ एक बार फिर बहुत जुल्म किया है. ऐसा भद्दा मजाक किया है जो माफी के काबिल नहीं. हिंदुओं की आस्था पर गहरी चोट पहुंचाई जा रही है पाकिस्तान में. खबर है कि पाकिस्तान के इस्लामाबाद में मंदिरों को तोड़ कर मॉल बनाए जा रहे हैं. और तो और श्मशान घाटों को भी नहीं बख्शा जा रहा है. श्मशान की जमीन पर कब्जा करके रेस्टोरेंट बनाए जा रहे हैं. हिंदुओं पर ये जुल्म पाकिस्तान की हुकूमत की नाक के नीचे हो रहा है. लेकिन सरकार इसे रोकने के लिए कोई कदम नहीं उठा रही.

हिंदुओं के लिए नर्क से कम नहीं है पाकिस्तान. ये बात एक बार नहीं कई बार साबित हो चुकी है. पाकिस्तान में हिंदुओं पर बेपनाह अत्याचार होते हैं, मंदिरों को तोड़ा जाता है और तो और अब हिंदुओं से श्मशान का हक भी छीना जा रहा है. इस्लामाबाद में हाल ही में दो मंदिरों को तोड़ कर टूरिस्ट प्लेस बना दिया गया. रावलपिंडी में एक मंदिर को मॉल बनाया जा रहा है. पूरे इस्लामाबाद में हिंदुओं से श्मशान की जमीन भी छीनी जा रही है. हिंदुओं को अपनों का अंतिम संस्कार करने के लिए शहर से बाहर जाना पड़ रहा है.

हिंदुओं पर हो रहे इन अत्याचारों का खुलासा पाकिस्तान के टीवी चैनलों से हुआ है. जहां इस मुद्दे पर बहस हो रही है. आपको बता दें, पाकिस्तान में हिंदुओं के मंदिर में लोग चप्पल जूते पहन कर घुस जाते हैं. कोई उन्हें रोकता नहीं. हिंदू इसलिए नहीं रोक पाते क्योंकि वो अल्पसंख्यक हैं. पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में हिंदुओं के साथ ये घोर अन्याय हो रहा है सोचिए दूर दराज के शहरों में क्या क्या जुल्म होते होंगे. लेकिन पाकिस्तान की किसी हुकूमत ने हिंदुओं का हक दिलवाने की कोशिश नहीं की. उल्टा अब पूजा पाठ का हक भी छीना जा रहा है.

पाकिस्तान में अल्पसंख्यक हिंदुओं की दुर्दशा किसी से नहीं छुपी है. अत्याचार के साथ हिंदुओं को हर रोज पाकिस्तान में अपमान का घूंट पीना पड़ता है. हिंदुओं के ख़िलाफ़ सिर्फ अपमानजनक शब्दों का ही इस्तेमाल नहीं होता. बल्कि उन्हें गालियां तक दी जाती हैं. हिंदुओं के खिलाफ ज़हरीले बोल किसी गली कूचे में नहीं बल्कि पाकिस्तान के नेशनल टीवी चैनल पर खुलेआम बोला जा रहा है.

पाकिस्तान में हिंदुओं के खिलाफ ये ना’पाक’ सोच अब जग ज़ाहिर हो चुकी है. टीवी प्रोग्राम में गाली देकर जिस तरह पाकिस्तानी हिंदुओं का अपमान किया जा रहा है उसने अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचार पर पाकिस्तान की पोल खोल दी है. हिंदुओ के खिलाफ पाकिस्तान में इस तरह के ‘डर्टी शो’ इस बात की गवाही दे रहे हैं कि वहां कि सरकार अल्पसंख्यको को लेकर कितना संजीदा है.

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ऐसे हैं पाकिस्तान में हिंदुओं के हालात

पाकिस्तान में अल्पसंखयक हिंदुओं पर जुल्म हो रहे हैं. पाकिस्तान के बर्तावों की वजह से हिंदू भारत भाग कर आ रहे हैं. और अब हिंदुस्तान भाग कर आ रहे हिंदू रिफ्यूजी वापस पाकिस्तान नहीं लौटना चाहते. क्योंकि पाकिस्तान के हालात हिंदुओं के लिए दिन ब दिन बदतर होते जा रहे हैं. वहां हिंदुओं के कितने बुरे हालात हैं. कितना जुल्म सह रहे हैं पाकिस्तान के हिंदू. उनके दर्द को हमने हमारी इस रिपोर्ट में समेटने की कोशिश की है.

पाकिस्तान की संसद में हिंदुओं की दुर्दशा को लेकर मुद्दा उठ चुका है. पाकिस्तान की सड़कों पर सरकार के खिलाफ आए दिन प्रदर्शन होता रहता है. लेकिन हिंदुओं पर अत्याचार रुकते नहीं, पाकिस्तान में सबसे ज्यादा हिंदुओं की तादाद सिंध प्रांत में है. लेकिन यहां भी हिंदुओं की हालत बहुत खराब है, गरीबी है लाचारी है. हिंदुओं के साथ लूटमार होती है. हिंदू युवाओं को नौकरियां नहीं मिलती. उन्हें जबरन हथियारों और शराब के कारोबार में धकेला जा रहा है. महिलाओं के साथ बलात्कार की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं.

पाकिस्तान के नेशनल कमिशन फॉर जस्टिस एंड पीस की रिपोर्ट के मुताबिक, 74 प्रतिशत हिन्दू महिलाएं यौन शोषण का शिकार होती हैं. पाकिस्तान के मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक सिंध प्रान्त में हर महीने 20 से 25 हिन्दू लड़कियों का अपहरण होता है. हिंदू लड़कियों का धर्म परिवर्तन हो रहा है. सड़कों पर हिंदुओं के साथ जुल्म होता है और संसद के अंदर हिंदुओं का मजाक उड़ाया जाता है. ऐसा ही मजाक उड़ाए जाने से पाकिस्तान के हिंदू सांसद के सब्र का बांध टूट गया.

पाकिस्तान के जुल्मों से तंग आकर हिंदू पलायन कर रहे हैं. एक रिपोर्ट के मुताबिक हर साल करीब 5 हजार हिंदू अपना घर छोड़ने को मजबूर हैं. मानवाधिकार संगठनों के अनुसार, पिछले पचास सालों में पाकिस्तान में बसे नब्बे प्रतिशत हिंदू देश छोड़ चुके हैं और जो अपने घर में ही रहना चाहते हैं उनका जबरदस्ती धर्म परिवर्तन करवाया जा रहा है.

तीन साल पहले पाकिस्तान में एक टीवी चैनल के रिऐलिटी शो में हिंदू युवक के मुस्लिम धर्म अपनाने की घटना का लाइव टेलिकास्ट किया गया था. सुनील नाम के युवक को पैसों का लालच देकर, धमका कर मोहम्मद अबदुल्ला बना दिया. इस घटना पर पाकिस्तान में जमकर हंगामा हुआ.

पाकिस्तान का अपना मनवाधिकार आयोग, अंतराष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, हर किसी के पास ये सबूत हैं. हर किसी की रिपोर्ट यही कहती है कि पाकिस्तान में अल्पसंख्यक महफूज नहीं हैं. पाकिस्तान के हिंदू जानवरों जैसी जिंदगी जी रहे हैं.

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