ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन पर कार्यशाला आयोजित
नगर पालिका सभागार में अधिकारियों, सभासदों और स्वच्छता वाहिनी की महिलाओं ने साझा किए सुझाव, स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर
डोईवाला– निदेशक नगरीय विकास निदेशालय के निर्देशों के अनुपालन में नगर पालिका सभागार में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता नगर पालिकाध्यक्ष नरेंद्र सिंह नेगी ने की।
कार्यशाला में नए नियमों के विभिन्न प्रावधानों, उनके व्यावहारिक क्रियान्वयन तथा नगर क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था को अधिक प्रभावी और व्यवस्थित बनाने पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने कचरा प्रबंधन को आधुनिक तरीकों से लागू करने पर बल दिया।
पालिकाध्यक्ष नरेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि स्वच्छ नगर का लक्ष्य तभी पूरा हो सकता है जब नागरिक, जनप्रतिनिधि और नगर पालिका मिलकर काम करें। उन्होंने कहा कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 का उद्देश्य कचरा निस्तारण प्रणाली को अधिक पारदर्शी, व्यवस्थित और पर्यावरण के अनुकूल बनाना है।
अधिशासी अधिकारी एम.एल. शाह ने तकनीकी पहलुओं की जानकारी देते हुए बताया कि कचरे का वैज्ञानिक ढंग से निस्तारण समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि इसके सफल क्रियान्वयन के लिए सभी विभागों और कर्मचारियों का समन्वय आवश्यक है।
मुख्य सफाई निरीक्षक सचिन रावत ने बताया कि नगर में घर-घर कचरा पृथक्करण को बढ़ावा देने के लिए लगातार जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से ही स्वच्छ और स्वस्थ नगर का निर्माण संभव है।


कार्यशाला में उपस्थित स्वच्छता वाहिनी की महिलाओं ने भी अपने अनुभव और सुझाव साझा किए तथा स्वच्छता अभियान को और प्रभावी बनाने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर सफाई निरीक्षक संकेत, सभासद ईश्वर रौथान, अरुण सोलंकी, राकेश डोभाल, अमित कुमार, पूनम तोमर, अनीता अग्रवाल, कोमल देवी, रीता नेगी, निर्मला देवी, नप सुपरवाइजर नीरज कुमार, तपस कुमार सहित अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।


